चित्रकूट। 48 घंटे से जारी बारिश के बाद मंदाकिनी नदी का जलस्तर जिले में खतरे के निशान के ऊपर पहुंच गया है और शनिवार सुबह रामघाट पर स्थिति गंभीर बनी हुई है।
शुक्रवार रात करीब 8 बजे मंदाकिनी ने डेंजर लेवल 127.200 मीटर को पार कर लिया था, जो अब भी बना हुआ है। घाट के आसपास की दुकानों में पानी दो से तीन फीट तक भर गया है और कई दुकानों के किनारे नावें लगी दिख रही हैं।
घाट और आवागमन प्रभावित
नदी का बहाव तेज है, इसलिए घाट पर आवाजाही को लेकर सतर्कता बढ़ा दी गई है। रुक-रुक कर हो रही बारिश से जलस्तर और बढ़ने की आशंका बनी हुई है। स्थानीय प्रशासन और बचाव टीमें स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
रामघाट के व्यापारी और स्थानीय लोग चिंता में हैं। पानी दुकानों के अंदर तक पहुँचने से सामान खराब हो रहा है और दुकानें बंद रखने को मजबूर हैं। कई लोगों ने अपने सामान नाव के सहारे सुरक्षित जगहों पर शिफ्ट किया है।
प्रशासन ने नागरिकों से घाट और नदी किनारे न जाने की चेतावनी दी है। साथ ही जो लोग निचले इलाकों में रहते हैं, उन्हें सतर्क रहने और आवश्यकता पड़ने पर ऊंचे स्थान पर शिफ्ट करने के लिए कहा गया है।
आगे की कार्रवाई
मौसम विभाग और स्थानीय अधिकारी अगले कुछ घंटों में बारिश और नदी के बहाव पर नजर रख रहे हैं। लोगों से कहा गया है कि तटवर्ती इलाकों में आश्रय या मदद की आवश्यकता हो तो स्थानीय आपदा प्रबंधन केंद्र से संपर्क करें। प्रशासन ने घाटों पर लाउडस्पीकर के जरिए चेतावनी जारी करने और नावों की मदद से आवश्यक चीजें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का काम तेज कर दिया है।
स्रोत: अमर उजाला
