ग्रेटर नोएडा। थाना सूरजपुर क्षेत्र में दर्ज रोबिन हत्याकांड की सुनवाई में अपर जिला एवं सत्र न्यायालय ने शनिवार को महत्वपूर्ण फैसला सुनाया। न्यायाधीश सुनील कुमार की अदालत ने तीन सगे भाइयों को दोषी करार देते हुए सख्त सजा दी।
सुबोध, रवि व सागर नामक तीनों भाइयों को हत्या का दोषी मानते हुए उन्हें आजीवन कारावास की सजा दी गई है। अदालत ने प्रत्येक पर 35-35 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। यदि अर्थदंड नहीं भरा गया तो उन्हें एक वर्ष दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
फैसले की मुख्य बातें
बागपत के मनीष को आरोपितों के साथ जुड़े मामले में सबूत मिटाने के अपराध में दोषी पाया गया और उसे पांच वर्ष के कारावास की सजा सुनाई गई। अदालत ने मनीष पर एक हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है, जो नहीं भरे जाने पर दो माह अतिरिक्त कारावास होगा।
मामले में आरोपित बताई गई तीनों भाइयों की मां और उनकी बहन को साक्ष्य की कमी व संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया गया। एडीजीसी अपराध धर्मेंद्र जैंत ने बताया कि यह मामला थाना सूरजपुर में दर्ज मुकदमा से जुड़ा है।
प्रकरण की तह में जाने पर पुलिस को पता चला कि फरवरी 2022 में गांव पाली का करीब 22 वर्षीय रोबिन सिंह घर से निकलने के बाद लापता हो गया था। परिवार ने गुमशुदगी दर्ज कराई और जांच में मामला हत्या में बदल गया। अभियोजन ने कुल नौ मौखिक गवाह पेश किए।
अभियोग के अनुसार पारिवारिक विवाद और व्यक्तिगत रंजिश की पृष्ठभूमि सामने आई। जांच में कहा गया कि रोबिन की योजनाबद्ध हत्या की गई और शव को पहचान छिपाने के लिए कोट नहर में फेंक दिया गया। पुलिस ने बताया कि आरोपियों ने हत्या की साजिश रची थी।
आगे की कार्रवाई
न्यायालय के इस फैसले के बाद संबंधित पक्ष वह कानूनी उपाय अपना सकते हैं जो कानून के तहत उपलब्ध हैं। स्थानीय लोग मामले के अंतिम निपटान और कार्यवाही पर नजर बनाए हुए हैं।
स्रोत: अमर उजाला

