मितौली (खीरी)। शनिवार सुबह कस्ता-सीतापुर मार्ग पर पकरिया चौराहे के पास सड़क किनारे लगी पानी भरी खंती में एक महिला का शव मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। ग्रामीणों ने सूचना दी, जिसके बाद पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और शव बाहर निकाला।
पास मिले बैग में रखे आधार कार्ड से महिला की पहचान ज्योति शुक्ला (37) पत्नी प्रमोद कुमार, निवासी शिव कॉलोनी, लखीमपुर के रूप में हुई। ज्योति सीतापुर के अटरिया में स्थित हिंद अस्पताल में स्टाफ नर्स के पद पर तैनात थीं और नौकरी के चलते सीतापुर में किराये के कमरे में रहती थीं।
मृतका की पारिवारिक पृष्ठभूमि
ज्योति के पति प्रमोद कुमार बताते हैं कि वे करनपुर, गोला कोतवाली क्षेत्र में रहते हैं और करीब चार वर्षों से वैवाहिक विवाद के कारण अलग रह रहे थे। मृतका के दो बच्चे हैं। बेटा हिमांशु शुक्ला हैदराबाद में लैब टेक्नीशियन कोर्स कर रहा है जबकि बेटी भूमि शुक्ला पिता के साथ रहती है। मृतका का मायका महोली के भट्ठा मोहल्ले में है।
देर शाम आई पोस्टमार्टम रिपोर्ट में महिला की मौत गला दबाने से होने की पुष्टि हुई और शरीर पर अन्य चोट के निशान नहीं पाए गए। पुलिस ने बताया कि महिला के गले पर चोट के निशान दिखाई दिए थे।
पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि ज्योति खंती तक कैसे पहुंचीं और उनकी मौत से पहले उनकी गतिविधियां क्या थीं। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और मोबाइल की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) भी जांच में लिया गया है।
मामले की जांच कर रहे सीओ मितौली यदुवेंद्र यादव ने कहा, “पोस्टमाॅर्टम रिपोर्ट में गला दबाने से मौत की पुष्टि हुई है। मामले की सभी पहलुओं से जांच की जा रही है।” पुलिस ने जल्द ही मामले का खुलासा करने का आश्वासन दिया है।
स्थानीय लोग घटना से दहशत में हैं और पुलिस से शीघ्र जानकारी की मांग कर रहे हैं। जो भी इस घटना के बारे में जानकारी रखता है वह नजदीकी थाने को सूचित कर सकता है, ताकि जांच में मदद मिल सके।
स्रोत: अमर उजाला

