शाहजहांपुर। जिले में लगातार 48 घंटों से हो रही बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। कई जगह मकान गिरे और पेड़ व बिजली के खंभे टूटने से लोगों की परेशानियाँ बढ़ गईं।
शहर में उपकेंद्रों में पानी भरने और 33 केवीए लाइन में फॉल्ट के चलते बिजली भी बंद हो गई, जो 12 घंटे बाद भी पूरी तरह बहाल नहीं हो सकी। रेलवे परिसर, रोडवेज टैक्सी स्टैंड और नगर निगम कार्यालय सहित कई मुख्य मार्ग व गलियाँ जलमग्न हैं।
मुख्य प्रभावित इलाकے और हालत
कवि तिराहा, लाल इमली चौराहा, स्टेशन रोड, अंटा चौराहा, बाडूजई प्रथम, महमंद हद्दफ, रंगीन चौपाल, सिंजई, मिशन फील्ड, लोहरों वाला चौराहा और मदराखेल में पानी भरा रहा। कई स्थानों पर सड़कें जलमग्न होने से यातायात ठप हो गया और लोग घरों से निकलने में असमर्थ रहे।
- तिलहर: कई मोहल्लों में पानी घुस गया; निजामगंज, बिरियागंज, उम्मरपुर, दातागंज प्रभावित।
- ढकिया रघा: पूर्व प्रधान अनिल कुमार का दो मंजिला मकान समेत कई घर ढह गए।
- देवकली: बंडा मोहल्ला धर्मापुर में टिनशेड उड़ने से परिवार बाल-बाल बचा।
बारिश से बाज़ारों में सन्नाटा छा गया और कई दुकानें बंद रहीं। सब्जी मंडी में अधिकांश दुकानें बंद रहने से खरीददारों की संख्या भी कम थी। किसानों की धान की फसल पानी में डूबने से बुरी तरह प्रभावित हुई और कहीं-कहीं गन्ना भी गिर गया।
तहसीलदार आदेश कुमार ने बताया कि राजस्व टीमों को मौके पर भेजकर क्षति का आकलन कराया जाएगा और सर्वे के बाद प्रभावित लोगों को नियमानुसार आर्थिक सहायता दिलाई जाएगी। अधिशासी अधिकारी सुनील कुमार ने कहा कि नालों के ऊपर पक्का निर्माण नालों की सफाई में रुकावट बना है और जेसीबी से कचरा निकाला जा रहा है।
आगे की कार्यवाही
बारिश थमने के बाद खेतों से पानी निकलने पर फसली नुकसान का सर्वे किया जाएगा और मरम्मत व राहत कार्यों की योजना बनाई जाएगी। प्रभावित लोग राजस्व टीमों व नगर निगम के संपर्क में रहें ताकि सहायता की प्रक्रिया शुरू की जा सके।
स्रोत: अमर उजाला

