फिरोजाबाद। थाना शिकोहाबाद क्षेत्र में चल रही पुलिस चेकिंग के दौरान पकड़ी गई एक गाड़ी से लाइसेंसी बंदूक का नागवार इस्तेमाल सामने आया है और डीएम कोर्ट ने कड़ा फैसला लिया है। कोर्ट ने शस्त्र लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया है।
पुलिस ने औंछा रोड पर चेकिंग के दौरान सफारी गाड़ी से संतोष सिंह राघव निवासी मैनपुरी, हाल निवासी जसराना को गिरफ्तार किया था। गाड़ी की तलाशी में 12 बोर की ओरियंट कंपनी की बंदूक, 6 कारतूस और 180 क्वार्टर अवैध देशी शराब बरामद हुए। तलाशी में साथ में 225 ढक्कन व 280 रैपर भी मिले।
लाइसेंस किसके नाम पर था
बरामद बंदूक का लाइसेंस मोहल्ला शंकरपुरी, थाना शिकोहाबाद निवासी निर्मला देवी के नाम दर्ज था। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि यह बंदूक उसकी साली निर्मला देवी की है और वह इसका इस्तेमाल शराब तस्करी में कर रहा था।
घटना की जानकारी मिलने पर मामले की रिपोर्ट एसएसपी की आख्या के साथ डीएम कोर्ट भेजी गई। कोर्ट ने नोटिस जारी किया था, लेकिन बार-बार अवसर देने के बावजूद पक्ष हाजिर नहीं हुआ और न ही कोई स्पष्टीकरण दिया गया। पत्रावली पर मौजूद साक्ष्यों के आधार पर डीएम संतोष कुमार शर्मा ने शस्त्र लाइसेंस को रद्द करने का निर्णय लिया।
अदालत के इस निर्णय के बाद स्थानीय पुलिस ने गिरफ्तारी और बरामदगी की जानकारी जिले भर में फैलाई। पुलिस का कहना है कि लाइसेंसी हथियारों का दुरुपयोग गंभीर अपराध है और इस तरह के मामलों में कड़ाई से कार्रवाई की जाएगी।
आगे की कार्रवाई
अब मामले की आगे की जांच और अभियोजन के लिए पुलिस आवश्यक कानूनी कार्रवाई कर रही है। जिन लोगों के पास लाइसेंस है, उन्हें निर्देश दिया गया है कि वे हथियार और कागजात सावधानी से रखें और किसी भी तरह के अनुचित उपयोग से बचें। प्रदेश या जिले में ऐसी गतिविधियों की सूचना मिलने पर लोग नजदीकी थाना या पुलिस कंट्रोल रूम को सूचित कर सकते हैं।
स्रोत: अमर उजाला

