झांसी। रविवार को एसबीआई, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, पंजाब नेशनल बैंक सहित एक्सिस बैंक और एचडीएफसी बैंक की कई शाखाओं में ग्राहकों का कामकाज बहाल रहा। बैंककर्मियों ने विरोध के रूप में काले कपड़े पहनकर ड्यूटी की, लेकिन कामकाज पूरी तरह बंद नहीं रहा।
बैंकिंग सेवाओं पर अगले तीन दिनों में प्रभाव की आशंका के मद्देनजर कारोबारियों ने भी जरूरी काम रविवार को ही निपटाया। यूनियन की मांग थी कि बैंकिंग व्यवस्था में पांच दिन लागू की जाए।
पहले का संदर्भ
11 सितंबर को भी बैंककर्मियों ने एक दिन की हड़ताल की थी, तब 238 शाखाओं में कामकाज प्रभावित हुआ था। उस अनुभव के कारण इस बार ग्राहकों और व्यापारियों में सतर्कता दिखी और कई जरूरी लेनदेन रविवार को पूरे किए गए।
देर रात केंद्रीय यूनियन की हाई‑लेवल बैठक में प्रस्तावित हड़ताल वापस लेने का फैसला लिया गया। यूएफबीयू पदाधिकारी अशोक महावर ने बताया कि आईबीए और यूएफबीयू की उच्चस्तरीय बैठक में हड़ताल वापस लेने का फैसला हुआ है। हड़ताल रद्द होने के बाद बैंक अधिकारी और कर्मचारी दोनों ने राहत की सांस ली।
बैंककर्मियों के काले वस्त्र पहनकर आने से विरोध का संदेश तो गया, लेकिन शाखाओं के खुले रहने से सामान्य ग्राहकों को परेशान नहीं होना पड़ा। कारोबारियों ने कहा कि रविवार को आवश्यक चेक‑नोट और अन्य बैंकिंग कार्य निपटाने से उनका काम समय पर चलता रहा।
आगे क्या होगा
हड़ताल वापस लिए जाने के बाद बैंक शाखाएँ सामान्य शेड्यूल पर काम कर रही हैं। यदि भविष्य में फिर कोई आंदोलन प्रस्तावित होगा तो उसके पहले से ही व्यापारियों और स्थानीय ग्राहकों को सूचित किया जाएगा। बैंक ग्राहक आवश्यक लेनदेन के लिए अपनी शाखाओं का समय देख लें और जरूरी कागजात साथ रखें।
स्रोत: अमर उजाला

