कानपुर। परदेवनपुरवा लालबंगला निवासी बीनू यादव (38) की शनिवार को संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना के बाद मायके और ससुराल पक्ष के बीच विवाद छिड़ गया और पुलिस जांच में जुटी है।
परिवार ने आरोप लगाया है कि बीनू को दहेज की मांग को लेकर परेशान किया जाता था और कई बार भूखा रखा गया। पिता गोरेलाल और उनके बेटे का कहना है कि शादी के बाद से ही बीनू को प्रताड़ित किया जा रहा था और यह प्रताड़ना उसकी तबीयत खराब होने का कारण बनी।
मायके का आरोप और ससुराल का जवाब
मायके का कहना है कि करीब एक सप्ताह से बीनू की तबीयत बिगड़ रही थी, पर ससुरालीजनों ने इलाज पर गंभीरता नहीं दिखाई। परिवार ने कहा कि बीमारी के दौरान उपचार के नाम पर खानापूर्ति की गई और इलाज में लापरवाही बरती गई। इसके बाद शनिवार को मौत की सूचना पर मायके के लोग ससुराल पहुंचे और हंगामा किया।
ससुराल पक्ष का कहना है कि बीनू को तीन दिन से बुखार था और उपचार के दौरान उनकी मौत हुई। दोनों पक्षों के बीच पहले भी विवाद हो चुका था और झगड़ों की शिकायत थाना-चौकी तक पहुंच चुकी थी।
चकेरी थाना प्रभारी अजय प्रकाश मिश्रा ने बताया कि मायके ने महिला को प्रताड़ित किए जाने के आरोप लगाए हैं। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और पुलिस मामले की विवेचना कर रही है।
मायकेवालों ने मामले की निष्पक्ष जांच और आरोपित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। थाना की जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा कि मौत किस कारण हुई और क्या किसी पर आपराधिक मामला दर्ज किया जाएगा।
स्थानीय लोग भी घटनास्थल पर जमा हुए और मामले को लेकर चिंता व्यक्त कर रहे हैं। पुलिस ने आसपास के लोगों से बयान लेकर पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार शुरू कर दिया है।
स्रोत: अमर उजाला

