लखीमपुर खीरी। मानदेय बढ़ाने व सेवाओं को नियमित करने की मांग लेकर सोमवार को बड़ी संख्या में समूह सखी महिलाएँ डीएम कार्यालय पर पहुंचीं और प्रदर्शन किया। महिलाओं ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और अपनी सात मांगें अधिकारियों के समक्ष रखीं।
समूह सखियों ने बताया कि वे उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत कार्य करती हैं। उनका काम बचत खाते खुलवाना, समूह की बचत जमा कराना, बैठकें कराना, लोकोस एप पर फीडिंग करना, फैमिली आईडी बनवाना और केवाईसी करवाना आदि शामिल हैं।
मानदेय और मांगे
महिलाओं ने कहा कि वर्तमान में उन्हें मासिक रूप से 2,000 रुपये मानदेय मिलता है। उन्होंने यह मानदेय बढ़ाने और सेवाओं को नियमित करने सहित कुल सात मांगें रखीं। मांगों में काम के दायरे, भुगतान समय पर मिलना और सेवा की स्थायी व्यवस्था के मुद्दे शामिल बताए गए।
प्रदर्शन के दौरान एसडीएम तनवीर अहमद मौके पर आए और महिलाओं का ज्ञापन लिया। इसके बाद भी समूह सखी कुछ देर तक डीएम कार्यालय के बाहर खड़ी रहीं और नारेबाजी जारी रखी। प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा और किसी तरह की हिंसा की सूचना नहीं है।
स्थानीय लोग और समूह सखियों के सहयोगी कह रहे हैं कि ये महिलाएँ गामीण क्षेत्रों में सीधे लोगों तक सेवाएँ पहुँचाती हैं और उनका काम ग्रामीण परिवारों के दस्तावेज, बचत व बैंकिंग कार्यों से जुड़ा है। कई ग्रामीणों ने प्रदर्शनकारियों के समर्थन में आवाज उठाई।
अब जिले की प्रशासनिक टीम द्वारा महिलाओं द्वारा दिए गए ज्ञापन पर कार्रवाई का इंतजार रहेगा। समूह सखियाँ डीएम कार्यालय से सकारात्मक जवाब की आशा कर रही हैं और उन्होंने कहा कि यदि जरूरत पड़ी तो आगे भी वे अपनी मांगों को लेकर संगठित रहेंगी।
स्रोत: अमर उजाला

