मिर्ज़ापुर। पक्काघाट स्थित मंदिर में शनिवार को शनिदेव का विशेष शृंगार व पूजन संपन्न हुआ। शाम के समय शृंगार और आरती के बाद भक्तों ने भगवान शनिदेव के दर्शन किए और पूजा-अर्चना में भाग लिया।
शृंगार और आरती
शृंगार और आरती मंदिर के पुजारी राजू ने करायी। पूजा के दौरान भक्तों ने काला तिल मिश्रित सरसों तेल के दीपक जलाकर शनिदेव का विधिपूर्वक पूजन-ध्यान किया। शृंगार के बाद मंदिर में समाहित वातावरण में श्रद्धालुओं की उपस्थिति रही।
दर्शनों के दौरान रमेश गुप्ता, त्रिलोकी प्रसाद, राजनाथ, दिनेश कुमार, सरिता देवी, सुनीता, कविता और शालिनी समेत काफी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। उन्हें भगवान के श्रृंगार और आरती के बाद शांतिपूर्ण ढंग से दर्शन करने का अवसर मिला।
स्थानीय लोगों ने बताया कि शनिवार को विशेष शृंगार का आयोजन होता है और इसकी तैयारी पूर्वाह्न से शुरू कर दी गई थी। मंदिर में नियमित पूजा-पाठ के साथ-साथ श्रद्धालुओं के लिए आवश्यक व्यवस्थाएँ भी की गयीं।
भक्तों का कहना था कि काला तिल मिश्रित सरसों तेल का दीपक जलाना उनकी मान्यता के अनुसार अनुष्ठान का महत्वपूर्ण भाग है। इसके कारण मंदिर के भीतर मौजूद लोगों में भक्ति और आस्था का भाव देखा गया।
मंदिर में हुई इस श्रद्धांजलि से स्थानीय लोगों को धार्मिक अनुभव मिला और कई भक्तों ने भविष्य में भी नियमित रूप से आने की इच्छा जतायी। मंदिर प्रशासन ने आने वाले दिनों में भी पूजा-समारोह नियमित रूप से जारी रखने की जानकारी दी है।
स्रोत: अमर उजाला

