बहजोई। संभल जिले में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) कार्यालय को 15 साल के इंतजार के बाद स्थायी भवन मिलने की राह साफ हो गई है। शासन ने इसके निर्माण के लिए करीब 4 करोड़ 99 लाख 14 हजार रुपये के एस्टीमेट को मंजूरी दे दी है।
यह कार्यालय अब तक कांठ बाजार स्थित परिषदीय विद्यालय के अस्थायी परिसर में काम चला रहा था। ग्रामीण अभियंत्रण विभाग (आरईडी) को कार्यदायी संस्था नामित कर इस भवन के निर्माण के लिए एस्टीमेट बनाया गया था। जिला समन्वयक (निर्माण) सचिन सक्सेना ने बताया कि एस्टीमेट अप्रैल 2026 में शासन को भेजा गया था और सितंबर में शासन स्तर से स्वीकृति मिल गई।
नया भवन उसी जमीन पर बनेगा
बीएसए अलका शर्मा ने जानकारी दी कि नया स्थायी भवन उसी जमीन पर बनाया जाएगा जहां वर्तमान में अस्थायी कार्यालय स्थित है। यह राशि कार्यालय के आधुनिक और स्थायी निर्माण में उपयोग की जाएगी। कार्यदायी संस्था आरईडी ने भवन निर्माण का विस्तृत लागत-आकलन 4,99,14,000 रुपये तय किया था जिसे शासन ने मंजूर कर लिया है।
अब संबंधित अधिकारियों द्वारा डीपीआर तैयार करने और तकनीकी स्वीकृति प्राप्त करने की प्रक्रियाएँ शुरू कर दी गई हैं। डीपीआर और तकनीकी मंजूरी के बाद ही निर्माण कार्य के लिए निविदा और ठेकेदारी की औपचारिकताएँ पूरी की जाएंगी।
संभल जिले का सृजन 28 सितंबर 2011 को हुआ था, जब तत्कालीन मुख्यमंत्री ने मुरादाबाद और बदायूं के कुछ हिस्सों को मिलाकर यह नया जिला बनाया। शुरुआत में इसे भीमनगर नाम दिया गया था, बाद में संभल कर बदल दिया गया। जिला बनने के बाद से ही बीएसए कार्यालय के पास अपना स्थायी भवन नहीं था और पिछले 15 वर्षों से यह कार्यालय अस्थायी परिसर में संचालित होता रहा।
स्थायी भवन बनते ही जिले की शिक्षा प्रशासनिक कार्यप्रणाली में स्थिरता आएगी और कार्यालय को अपनी सुविधानुसार योजनाओं का निर्वहन करने में मदद मिलेगी। निर्माण प्रक्रिया के अगले कदमों और कार्य शुरू होने की तारीख का इंतजार स्थानीय शिक्षा अधिकारियों और कर्मचारियों को है।
स्रोत: अमर उजाला

