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शामली: तीनों तहसीलों में लेखपालों ने धरना, 2800 रुपये ग्रेड पे और आठ मांगें

लेखपालों ने शामली, कैराना और ऊन में ज्ञापन देकर वेतन विसंगति, अंतरमंडलीय स्थानांतरण और भत्तों में वृद्धि की मांग की; अतिरिक्त हलके का काम रोकने की चेतावनी दी।

शामली: तीनों तहसीलों में लेखपालों ने धरना, 2800 रुपये ग्रेड पे और आठ मांगें
फोटो: अमर उजाला

शामली। उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के पदाधिकारियों और लेखपालों ने रविवार को तीनों तहसीलों में एक साथ धरना प्रदर्शन किया। शामली, कैराना और ऊन तहसील परिसरों में लेखपाल सुबह से जुटे और अपने-अपने तहसील कार्यालयों में ज्ञापन सौंपा।

शामली तहसील परिसर में उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ की तहसील उपशाखा के पदाधिकारियों और लेखपालों ने धरना दिया। इस धरने की अध्यक्षता मोनाशी चौहान ने की। तहसील अध्यक्ष यतेंद्र बालियान, सचिव प्रशांत चौहान, कोषाध्यक्ष रविंद्र देशवाल और संगठन मंत्री दीपेंद्र चौधरी सहित विमल गुप्त, रश्मिता जैन और दिलशाद वसीम भी मौजूद रहे।

मांगें और ज्ञापन

लेखपालों ने जिस आठ सूत्री मांग का ज्ञापन सौंपा उसमें वेतन उच्चीकरण, अंतरमंडलीय स्थानांतरण और भत्तों में वृद्धि प्रमुख हैं। ऊन तहसील में लेखपाल संघ के तहसील अध्यक्ष लोकेश कुमार सैनी के नेतृत्व में दिए गए ज्ञापन में स्पष्ट तौर पर 2800 रुपये ग्रेड पे और वेतन विसंगति दूर करने की मांग की गई।

ज्ञापन में अंतरमंडलीय स्थानांतरण के अलावा चयन वर्ष 2025-26 की पदोन्नति सूची जारी करने और वर्ष 2024 में नियुक्त लेखपालों की प्रशिक्षण परीक्षा का परिणाम घोषित करने की भी माँग रखी गई। लेखपालों ने महंगाई भत्ता बढ़ाकर 1500 रुपये प्रतिमाह करने की बात भी की है।

कैराना तहसील परिसर में प्रदर्शन सुबह 10 बजे से दोपहर दो बजे तक चला। वहाँ के प्रदर्शन में पूजा खैवाल, मुजक्किर खान, शमशेर, अनुराग और लवकेश समेत अन्य लेखपाल उपस्थित रहे और बाद में उपजिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा गया।

प्रभाव और आगे की कार्रवाई

लेखपालों ने चेतावनी दी है कि उनकी मांगें पूरी न होने तक वे अतिरिक्त हलके का काम नहीं करेंगे। उन्होंने भूलेख और अन्य सहायक पटल से जुड़े लेखपालों को अवमुक्त करने, ग्राम सचिवालयों में आधारभूत सुविधाएं व सुरक्षा उपलब्ध कराने तथा लेखपालों के पदों को तकनीकी पद घोषित करने जैसे मुद्दे भी उठाए। ज्ञापन सौंपने वालों में गौरव, राहुल कुमार, कुलदीप शर्मा, अरुण कुमार, नितिन कुमार, अजीत सिंह और सत्यवीर सिंह शामिल थे।

अब उत्तराधिकारी अधिकारियों से जवाब मिलने पर लेखपाल आगे की रणनीति विकसित करेंगे। लोगों को तहसील स्तर पर सेवाओं में किसी तरह की देरी या बदलाव के बारे में स्थानीय कार्यालयों से जानकारी लेनी चाहिए।

स्रोत: अमर उजाला

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Vikas Kumar

Vikas Kumar

कई वर्षों से समाचार, योजना, रोजगार इत्यादि मामलों से जुड़े कार्यों में संलग्न।