सुल्तानपुर। तेज बारिश और तेज हवा के बाद बिजली आपूर्ति सही तरह बहाल नहीं हो पाई है। जिले में 38 फीडर अभी भी ठप हैं और इन फीडरों से जुड़ी करीब चार लाख आबादी बिजली विहीन है।
अध्यक्ष अभियंता प्रवीण चौबे ने बताया कि सभी 46 विद्युत उपकेंद्रों की आपूर्ति बहाल करा दी गई है। निगम की 11 केवी के बाधित 38 फीडरों और टूटे खंभे, ट्रांसफार्मरों की मरम्मत पर काम जारी है। रविवार शाम तक 159 की आपूर्ति बहाल कर दी गई थी।
मरम्मत का काम और हाल
जिले में 89 विद्युत ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त हुए थे, जिनमें से 24 बदले जा चुके हैं। मरम्मत में कुल 460 कार्मिक दिन-रात काम कर रहे हैं और 20 मशीनरी उपकरणों का प्रयोग हो रहा है। टूटे खंभे व तार बदलने का कार्य तीव्र गति से चल रहा है।
तिंदौली फीडर बंद होने से बाहरपुर, सिसौड़ा, चकसोरा, अमदेवा, डड़वा, बिरमलपुर, बिरैता समेत 20 से अधिक गांवों में पिछले 72 घंटे से बिजली सप्लाई ठप है। कई स्थानों पर खंभे टूटकर गिरे हैं और ट्रांसफार्मर खराब हो गए हैं, जिससे आपूर्ति प्रभावित हुई है।
बाहरपुर निवासी राम सजीवन ने कहा, “घरों में लगे इनवर्टर और मोबाइल की बैटरी भी जवाब देने लगी है।” उन्होंने बताया कि पेयजल और रोजमर्रा के काम प्रभावित हो रहे हैं।
कादीपुर कस्बे में भी फीडर में फॉल्ट आने से रविवार शाम तक बिजली बहाल नहीं हो सकी। कस्बे के सुनील ने बताया कि पानी की मोटर नहीं चलने से पानी की समस्या खड़ी हो गई है।
जे.ई. रामशरण त्यागी ने कहा, “बारिश के कारण फॉल्ट आए हैं।” और जे.ई. सुनील कुमार चौधरी ने बताया, “टीम कार्य कर रही है।” प्रशासन और विद्युत विभाग डीएम के निर्देश पर आपूर्ति बहाल करने का काम चला रहे हैं।
मरम्मत जारी रहने के कारण कुछ इलाकों में तत्काल राहत नहीं दिख रही है। विद्युत विभाग ने लोगों से क्षती के समय संयम रखने और टूटे हुए तार या खंभों के पास न जाने की अपील की है।
स्रोत: अमर उजाला

