नई दिल्ली। इंडियन बैंक्स एसोसिएशन (IBA) और यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU) के बीच 27 सितंबर को हुई बैठक के बाद प्रस्तावित तीन दिनों की बैंक हड़ताल टालने का निर्णय लिया गया। बैंककर्मियों ने 28 सितंबर से आहूत हड़ताल को टालने का ऐलान रविवार देर रात किया।
यूएफबीयू ने 27 सितंबर को जारी सर्कुलर में बताया कि IBA के साथ हुई बैठक में हड़ताल टालने पर सहमति बनी है। सर्कुलर के अनुसार बैठक रविवार रात 9:30 बजे संपन्न हुई और इसके नतीजे में तीन दिवसीय राष्ट्रव्यापी हड़ताल को स्थगित कर दिया गया।
बैठक में तय प्रमुख फैसले
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि बैंकिंग क्षेत्र में बचे हुए शनिवारों को छुट्टी घोषित करने के मुद्दे पर IBA और UFBU की एक उच्चस्तरीय समिति बनाई जाएगी। यह समिति सभी संभावित विकल्पों पर विचार करेगी और संबंधित पक्षों से चर्चा कर समाधान निकालने का प्रयास करेगी।
बैठक में सरकार के पास संशोधित प्रस्ताव भेजने पर भी सहमति बनी। बयान में कहा गया कि स्केल IV और उससे ऊपर के अधिकारियों के लिए पीएलआई योजना (PLI) के संबंध में IBA के साथ चर्चा शुरू की जा सकती है और यूनियनों/एसोसिएशनों की आपत्तियों को दूर करने के लिए योजना को संशोधित करने का प्रस्ताव सरकार के पास भेजा जाएगा।
यूएफबीयू ने अपने बयान में करीब ढाई साल पहले हुई बैठक का उल्लेख भी किया और 8 मार्च 2024 की कार्यवाही में सूचीबद्ध शेष मुद्दों पर शीघ्र समाधान के लिए चर्चा करने पर जोर दिया गया। यह पहल उन लंबित मांगों को सुलझाने की दिशा में कदम माना जा रहा है।
बैंक कर्मचारियों और ग्राहकों पर इस फैसले का सीधा असर होगा। शाखाओं में शैड्यूलित सेवाएं और कैश‑डिस्पेंसिंग प्रभावित नहीं होगी और ग्राहक अपनी योजनाओं के अनुसार बैंकिंग काम करवा सकेंगे।
आगे क्या होगा
अब तय उच्चस्तरीय समिति की बैठकों और PLI योजना पर IBA‑UFBU की आगे की बातचीत पर सबकी निगाहें रहेंगी। दोनों पक्षों ने लंबित मुद्दों पर वार्ता जारी रखने का भरोसा दिया है और आगे के कदमों की जानकारी सार्वजनिक रूप से दी जाएगी।
स्रोत: अमर उजाला

