उरई। जिले में बारिश के बीच बीबीजीरामजी परियोजना के काम का रिकॉर्ड सक्रिय बना रहा। शुक्रवार को पूरे दिन बरसात रही और कई इलाकों में लोग घरों से बाहर निकलने से कतरा रहे थे, फिर भी ऑनलाइन हाजिरी रिकॉर्ड में भारी संख्या दर्ज हुई।
शुक्रवार को डकोर ब्लॉक में 115, जालौन में 108, कदौरा में 386, कुठौंद में 686, माधौगढ़ में 789, महेवा में 652, नदीगांव में 94 और रामपुरा में 137 मजदूर बीबीजीरामजी के काम में लगे दर्ज किए गए। इन आठ ब्लॉकों में कुल 3,067 मजदूरों की हाजिरी दिखाई गई। शनिवार को यह संख्या अचानक घटकर करीब एक हजार रह गई।
रिकॉर्ड बनाम धरातल
ग्रामीणों ने कहा कि कई जगहों पर असल काम सतह पर नजर नहीं आता। कुछ स्थानों पर जहां हाजिरी दर्शाई गई, वहां घास उगी हुई है और जमीन समतल पड़ी दिखी। स्थानीय लोगों का तंज है कि बारिश के दिन भी इतनी बड़ी संख्या में मजदूर कैसे काम कर रहे होंगे जबकि वास्तविकता अलग है।
ग्रामीणों ने मांग की है कि जिन कार्यस्थलों पर शुक्रवार की हाजिरी दर्ज की गई है, वहां मौके पर जाकर जांच की जाए। उन्होंने कहा कि पहले भी कई परियोजनाओं में कागजी हाजिरी के मामले सामने आ चुके हैं और यही वजह है कि अब सतह पर मौजूद काम की पुष्टि जरूरी है।
वर्जनइस मामले की जांच कराई जाएगी, अगर बारिश में यह काम कराया गया है, और धरातल पर नहीं हुआ है, तो इसकी जांच करवाकर जिम्मेदारों पर कार्रवाई की जाएगी। – केके सिंह, सीडीओ।
आगे क्या होगा
आधिकारिक वचन के बाद स्थानीय लोग निरीक्षण और तफ्तीश के इंतजार में हैं। जिला प्रशासन से ग्रामीणों की आशा है कि मौके पर जाकर वास्तविक स्थिति का पता लगाया जाएगा और अगर नियमानुसार गड़बड़ी पाई गई तो कार्रवाई की जाएगी।
स्रोत: अमर उजाला

