कानपुर। भारतीय कृषि उत्पाद उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल ने राज्य कृषि उत्पादन मंडी परिषद से गेट पास में लागू समय सीमा समाप्त करने या उसे ई‑मंडी के अनुरूप संशोधित करने की मांग की है। प्रतिनिधिमंडल ने यह आग्रह परिषद के निदेशक को लिखे पत्र में किया है।
प्रतिनिधिमंडल के राष्ट्रीय अध्यक्ष ज्ञानेश मिश्र और वरिष्ठ उपाध्यक्ष अजय बाजपेई ने कहा है कि वर्तमान में गेट पास और ई‑मंडी पोर्टल पर कृषि उत्पादों के परिवहन के लिए अलग-अलग समय सीमा लागू हैं। ई‑मंडी पोर्टल पर 200 से 500 किलोमीटर की दूरी के लिए समय सीमा 28 से बढ़ाकर 30 घंटे कर दी गई है और 500 से 1200 किलोमीटर के लिए 48 से बढ़ाकर 72 घंटे कर दी गई है।
विरोधाभास से व्यापार प्रभावित
प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि गेट पास में अभी पुरानी समय सीमा दर्ज है। इसके कारण मंडी समितियों के सचल दल रास्ते में वाहनों को रोककर व्यापारियों को परेशानी दे रहे हैं। इससे परिवहन प्रभावित हो रहा है और व्यापारियों को आर्थिक नुकसान तथा मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
यात्रा के दौरान यातायात, जाम, मौसम या तकनीकी दिक्कतों के चलते निर्धारित समय पर पहुंचना हमेशा संभव नहीं होता। बोर्ड पर समय सीमा बदलने के बाद भी गेट पास में बदलाव न होने से ट्रकों के चालक और व्यापारी फंस रहे हैं, जिसका सीधा असर माल की आपूर्ति और व्यापार पर पड़ रहा है।
ज्ञानेश मिश्र ने कहा, “जब तक यह व्यवस्था समाप्त नहीं होती, तब तक ई‑मंडी पोर्टल पर संशोधित समय सीमा को गेट पास में भी तत्काल लागू किया जाना चाहिए।” उनका कहना था कि इससे व्यापारियों को तत्काल राहत मिलेगी और बाजार में व्यवधान कम होगा।
प्रतिनिधिमंडल ने परिषद से शीघ्र कार्रवाई की मांग की है और कहा है कि यदि समय सीमा समाप्त करना संभव नहीं है तो कम से कम ई‑मंडी के अनुसार ही गेट पास का संशोधन कर दिया जाए। अब देखना यह है कि परिषद निदेशक इस पत्र पर क्या निर्णय लेते हैं और संशोधन कब लागू होता है।
स्रोत: अमर उजाला

