मुरादाबाद। विश्व जागृति मिशन मुरादाबाद मंडल की ओर से शुक्रवार को श्रद्धा पर्व मनाया गया। कार्यक्रम में माता‑पिता, बुजुर्गों और राष्ट्र व समाज के लिए उल्लेखनीय कार्य करने वाले विशिष्टजन शामिल हुए।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि पितृपक्ष में दिवंगत पूर्वजों के तर्पण के साथ जीवित माता‑पिता और बुजुर्गों की सेवा का भी विशेष महत्व है। उन्होंने नई और पुरानी पीढ़ी के बीच बढ़ते अंतर को कम करने पर जोर दिया और बताया कि इस पर्व का उद्देश्य बुजुर्गों को वृद्धाश्रम जाने की मजबूरी से बचाना भी है।
कार्यक्रम और सम्मान
मिशन की ओर से बताया गया कि श्रद्धा पर्व की नींव सतगुरु सुधांशु महाराज ने दो अक्तूबर 1997 को रखी थी और तब से यह प्रत्येक वर्ष दो अक्तूबर को मनाया जाता है। कार्यक्रम में समाजसेवा और विभिन्न क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले लोगों को शॉल, फूलमाला और मोदक भेंट कर सम्मानित किया गया।
मंच पर सिम्मी कपूर ने भजनों की प्रस्तुति दी। कार्यक्रम का संचालन गुरुकुल प्रमुख प्रवीण अग्रवाल ने किया। मंडल प्रधान रचित अग्रवाल और गुरुकुल प्रमुख प्रवीण अग्रवाल ने आश्रम में चल रहे विकल्प प्रकल्प के लिए सहयोग की अपील भी की।
समारोह में कई स्थानीय गणमान्य लोग उपस्थित रहे। मंच पर राकेश अग्रवाल, शोभा अग्रवाल, गीता अग्रवाल, राजीव, संजीव वर्मा, राजेंद्र भंडूला, रामकिशोर गंगवार, गंगाराम, हरिशंकर, रणवीर सिंह, विनोद भटनागर और विवेक आदि मौजूद थे।
सम्मानित लोग
- राकेश (एनआरआई)
- डॉ. सिद्धarth उपाध्याय
- एके सिंघल
- नीरज अग्रवाल
- नलिन अग्रवाल
- डॉ. तरुण अग्रवाल
- डॉ. आशा चंद्रा
- मधु रस्तोगी
- संतोष देवी
- संतोष कुमारी
- कांता गौतम
- मधु चौधरी
- अनीता अग्रवाल
- सिम्मी कपूर
- अरुण आचार्य
- प्रिया अंशु आचार्य
- सागर पंडित
- वीरेंद्र जोशी
- गोविंद जोशी
आयोजकों ने कहा कि श्रद्धा पर्व के माध्यम से समाज में बुजुर्गों और माता‑पिता के प्रति सम्मान की भावना बढ़ेगी। उन्होंने स्थानीय लोगों से आश्रम के विकल्प प्रकल्प में योगदान करने का आग्रह किया ताकि वृद्धों की देखभाल बेहतर हो सके।
आगे आयोजक आश्रम में चल रहे प्रकल्प के विस्तार और समुदाय से सहयोग जुटाने पर काम करेंगे। कार्यक्रम में शामिल लोग और परिवार आने वाले समय में भी ऐसे आयोजनों में भागीदारी बढ़ाने की बात कह रहे थे।
स्रोत: अमर उजाला

