बांदा। विकासखंड कमासिन की ग्राम पंचायत मुसीवा की अनुसूचित जाति बस्ती में जलभराव से ग्रामीण परेशान हैं। ग्रामीणों का कहना है कि नाली न होने और सड़क की मरम्मत न होने से बारिश का पानी बस्ती में जमा हो रहा है।
इस समस्या से करीब 300 लोग प्रभावित हैं। हर घर नल योजना के तहत खोदी सड़क की मरम्मत अभी तक नहीं हुई है। गंदे पानी के जमा होने से संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ गया है और कच्चे मकानों के गिरने का खतरा बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
ग्रामीणों की मांग
स्थानीय ग्रामीणों ने तहसील दिवस में 400 मीटर नाला और तीन मीटर चौड़ी आरसीसी सड़क बनाने की मांग रखी है। उन्होंने बताया कि 14 मई 2025 को मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई गई थी और 5 सितंबर 2026 को तहसील दिवस में भी यह मुद्दा उठाया गया। फिर भी किसी तरह का समाधान नहीं मिला।
ग्राम पंचायत सचिव ने कहा कि कार्यदायी संस्था ने सड़क की मरम्मत नहीं कराई है और नाला निर्माण के लिए बजट उपलब्ध नहीं है। सचिव के अनुसार बजट की कमी के कारण फिलहाल नाला बनना संभव नहीं दिख रहा है।
ग्रामीणों ने बताया कि बरसात के दिनों में पानी घरों में घुसने से बच्चों और बुजुर्गों की सेहत प्रभावित हो रही है। उन्होंने जल्द नालियों और सड़क के निर्माण की मांग दोहराई है ताकि पानी का निकास संभव हो और जीवन-यापन सामान्य हो सके।
आगे की कार्रवाई
ग्रामीणों ने प्रशासन से पुनः शीघ्र निरीक्षण कराकर नाला और सड़क का काम शुरू करने का अनुरोध किया है। वे मुख्यमंत्री पोर्टल व तहसील दोनों जगहों पर की गई शिकायतों के जवाब की प्रतीक्षा कर रहे हैं।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि अगर समाधान न निकला तो वे अगली बैठक में फिर से अपनी मांग उठाएंगे और आवश्यक कदम उठाने पर मजबूर होंगे।
स्रोत: अमर उजाला

