विश्नोहरपुर। शनिवार दोपहर दत्तनगर के चहलवा मजरे में नाव टूटने से एक बालक की मौत हो गई। नौ साल के शिवा को बुआ को घर पर उपलब्ध कराने के लिए नाव से भेजा गया था, लौटते समय वह पानी में गिर गया और डूब गया।
परिवार के सदस्यों के अनुसार शिवा करीब 500 मीटर दूर से बुआ और उसके बेटे को लेकर लौट रहा था। घर से लगभग 200 मीटर दूर वह स्थान था जहां मिट्टी की खुदाई के कारण पानी अधिक गहरा था। उसी गहरे हिस्से में नाव की पतवार टूटने से उसका संतुलन बिगड़ा और वह पानी में जा गिरा।
घटनास्थल और बचाव
बुआ लालमती ने शोर मचाया तो ग्रामीण मौके पर आए। ग्रामीणों ने शिवा को पानी से निकाल लिया, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। नवाबगंज थानाध्यक्ष मृत्युंजय सिंह और पुलिस टीम को सूचना दी गई। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
पीड़ित परिवार चहलवा का है। नंदकिशोर ने बताया कि उस दिन घर में श्राद्ध था इसलिए उनकी बहन लालमती दुर्जनपुर घाट स्थित ससुराल से बेटे के साथ आ रही थीं। परिवार में शिवा के छह वर्षीय बहन शिवानी और चार वर्षीय भाई शिवांश भी हैं। मां निशा, बुआ लालमती और बड़े पिता मुंशी समेत परिजन घटना के बाद बुरी तरह टूट चुके हैं।
नंदकिशोर और अन्य ग्रामीणों ने कहा कि गांव बाढ़ प्रभावित है और प्रशासन ने सरकारी नाव उपलब्ध कराई थी। लेकिन नाव चलाने के लिए नाविक की व्यवस्था नहीं हो सकी। राजकिशोर और मुंशी ने भी नाविक न मिलने की बात दोहराई।
तहसीलदार आशुतोष पांडेय ने बताया कि पीड़ित परिवार को मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष से सहायता राशि दिलाने के लिए लेखपाल को निर्देश दिए गए हैं। एसडीएम तरबगंज सविता शुक्ला ने कहा कि सूचना मिलने पर राजस्व टीम मौके पर भेजी गई है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।
परिजन और ग्रामीण अब प्रशासन से नाविक और बचाव संसाधन गांव में सुनिश्चित करने की मांग कर रहे हैं ताकि बाढ़ के बीच ऐसे हादसे रोक सकें। पोस्टमार्टम के बाद आगे की कानूनी और राहत प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
स्रोत: अमर उजाला

