हरदोई। संडीला विकास खंड के प्राथमिक विद्यालय टिमरुख की इंचार्ज प्रधानाध्यापिका शाहीन का रविवार देर शाम लखनऊ के एक प्राइवेट अस्पताल में निधन हो गया। परिजन उन्हें पहले लखनऊ के पारा स्थित अस्पताल में भर्ती करा चुके थे।
परिवार के मुताबिक बुधवार को शाहीन को ब्रेन डेड घोषित कर दिया गया था। बेटी सायमा और बहन यासमीन ने आरोप लगाया कि तत्कालीन ब्लॉक शिक्षा अधिकारी के दवाब के कारण उनके परिवारशादी ने ब्रेन हैमरेज हुआ था।
जांच और प्रतिकिया
मंगलवार को शिक्षक संगठनों ने ब्लॉक रीसोर्स सेंटर के सामने प्रदर्शन किया था। इसके तुरंत बाद मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश दिए गए और खंड शिक्षा अधिकारी को संडीला से मुख्यालय संबद्ध कर दिया गया। फिलहाल मजिस्ट्रेटी जांच का कोई नतीजा सार्वजनिक नहीं हुआ है।
परिवार के अनुसार शाहीन वर्ष 2015 में 72885 भर्ती में नियुक्त की गई थीं और 2016 से टिमरुख में तैनात थीं। परिवार में उनका पति, एक बेटा और एक बेटी हैं। ये लोग लखनऊ के कैंपल रोड में रहते हैं।
मिश्रिख से सांसद व भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष अशोक रावत ने मामले को लेकर मुख्यमंत्री को पत्र भेजा है। पत्र में कहा गया है कि तत्कालीन खंड शिक्षा अधिकारी और उनके चालक के माध्यम से उत्पीड़न की शिकायत मिली है और ऑफलाइन निरीक्षण से उत्पीड़न की जानकारी भी सामने आई है। सांसद ने तत्कालीन खंड शिक्षा अधिकारी को निलंबित कर प्राथमिकी दर्ज कराने और उनकी संपत्तियों की जांच कराने की मांग की है।
एमएलसी अशोक अग्रवाल ने भी तत्कालीन खंड शिक्षा अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। घटना से स्थानीय विद्यालयों और शिक्षक समुदाय में बेचैनी बनी है और लोगों ने जल्द निष्पक्ष जांच की अपील की है।
आगे क्या होगा, मजिस्ट्रेटी रिपोर्ट आने के बाद प्रशासन की ओर से आगे की कार्रवाई स्पष्ट होगी। स्थानीय लोगों और परिवार ने भी जांच के निष्कर्ष का इंतजार शुरू कर दिया है।
स्रोत: अमर उजाला

