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प्रयागराज: 43 महीने बाद 5 लाख के इनामी अर्जान अरमान को हिरासत में लिया गया

धूमनगंज पुलिस ने गया सेंट्रल जेल से अरमान की शिनाख्त कर ट्रांजिट रिमांड करवाई; सोमवार को एडीजे एससी-एसटी कोर्ट में पेशी होगी।

प्रयागराज: 43 महीने बाद 5 लाख के इनामी अर्जान अरमान को हिरासत में लिया गया
फोटो: News18

प्रयागराज। 24 फरवरी 2023 को शहर में दिनदहाड़े अधिवक्ता उमेश पाल और उनके दो सरकारी गनरों की हत्या के मामले में बड़ी प्रगति हुई है। पुलिस ने 43 महीनों के बाद पांच लाख रुपये के इनामी शूटर अरमान बिहारी को हिरासत में लिया है और उसे प्रयागराज लाया गया है।

गिरफ्तारी और रिमांड

धूमनगंज पुलिस ने अरमान को बिहार के गया सेंट्रल जेल से अपने कस्टडी में ले लिया। जांच में पुलिस को पता चला था कि 27 फरवरी 2023 से अरमान गया जेल में एक अलग फायरिंग मामले में बंद था। 30 सितंबर 2026 को धूमनगंज की टीम जेल पहुंची और वहां उसकी ताजा तस्वीर व अंगूठे के निशान लेकर पुष्टि की।

इसके बाद 1 अक्टूबर को गया सिविल कोर्ट से ट्रांजिट रिमांड बनवाकर पुलिस ने रविवार शाम अरमान को प्रयागराज भेजा। सोमवार को पुलिस उसे एडीजे एससी-एसटी (कुमार मयंक) की अदालत में पेश करेगी। अदालत में पेशी के बाद पुलिस उसकी कस्टडी रिमांड की अर्जी दाखिल करेगी ताकि पूछताछ हो सके।

पूरा मामला और बचे आरोप

हत्याकांड के सीसीटीवी में दिखा था कि बमबाज गुड्डू मुस्लिम बाइक के पीछे बैठकर बमबाजी कर रहा था और जिसके पीछे चलाने वाला शूटर अरमान ही था। जांच में यह भी सामने आया कि अरमान माफिया अतीक अहमद की पत्नी शाइस्ता परवीन का खास गुर्गा था और उसकी सुरक्षा में तैनात रहता था।

मामले में पहले भी 13 अप्रैल 2024 को यूपी एसटीएफ ने अतीक के बेटे असद और शूटर गुलाम को झांसी में मार गिराया था, जबकि 15 अप्रैल 2024 को पुलिस कस्टडी में अतीक और अशरफ की हत्या हो गई थी। फिलहाल अतीक के दो बेटे जेल में हैं और ट्रायल चल रहा है; जया पाल के बयान दर्ज हो चुके हैं।

पुलिस अभी भी फरार शूटर साबिर और बमबाज गुड्डू मुस्लिम पर पाँच-पाँच लाख का इनाम बनाए हुए है। शाइस्ता परवीन पर 50 हजार और अशरफ की पत्नी जैनब फातिमा व अतीक की बहन आयशा नूरी पर 25-25 हजार का इनाम है। अरमान की गिरफ्तारी से इन फरार आरोपियों और छिपे ठिकानों से जुड़े नए सबूत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

स्रोत: News18

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Vikas Kumar

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कई वर्षों से समाचार, योजना, रोजगार इत्यादि मामलों से जुड़े कार्यों में संलग्न।