आगरा। शनिवार को शहर के रामलीला मैदान में आराध्य लीला का एक भावपूर्ण दृश्य देखने को मिला जब जानकी का प्राकट्य मंच पर हुआ। हल की नोक घड़े से टकराते ही वैदेही के प्रकट होते ही पूरा मंच और दर्शक स्थल जयघोष से गूंज उठा।
मंच पर सजी मिथिला नगरी में महाराज जनक के रूप में अशोक गोयल और महारानी सुनयना के रूप में लता गोयल ने खेत में हल चलाने की लीला की। उसी क्षण हल का तका घड़े से टकराया और बाल रूप मां जनक नंदिनी का प्राकट्य हुआ। तीन माह की अवनि ने बाल जानकी की भूमिका निभाई।
रिति‑रिवाज और प्रसाद वितरण
जानकी के जन्म की खुशी में महिलाओं ने मंगल गीत गाए और नृत्य किया। राजा जनक और रानी सुनयना की भांति विभूषित कलाकारों ने श्रद्धालुओं में खिलौने, मिठाई, फल, मेवा, चॉकलेट और टॉफियां वितरित कीं। मंच पर स्वरूपों की आरती भी की गई।
आरती में कैबिनेट मंत्री बेबी रानी मौर्या, उप्र लघु उद्योग निगम के अध्यक्ष राकेश गर्ग, रामलीला कमेटी के अध्यक्ष एवं विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल, रामलीला के महामंत्री राजीव अग्रवाल और जनकपुरी महोत्सव समिति के अध्यक्ष राजू यादव समेत जनक परिवार के सदस्य मौजूद रहे।
आगे की प्रस्तुतियाँ
रामलीला कमेटी के अध्यक्ष एवं विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल ने बताया कि शनिवार को किन्नर समाज को प्रभु श्रीराम की आरती के लिए आमंत्रित किया गया है। मीडिया प्रभारी राहुल गौतम ने बताया कि आने वाले कार्यक्रमों में विश्वामित्र के आगमन तथा ताड़का वध की लीला का मंचन भी शामिल होगा।
दर्शक और श्रद्धालु उत्सव के आयोजन से प्रफुल्लित दिखे। रामलीला के आयोजक बोले कि पर्व की श्रृंखला यूं ही चलती रहेगी और अगले सप्ताह भी प्रमुख‑प्रसंगों का मंचन जारी रहेगा।
स्रोत: अमर उजाला

