प्रयागराज। उत्तर प्रदेश एसटीएफ ने कोडीन कफ सिरप की अंतरराज्यीय तस्करी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश कर प्रयागराज से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए तस्करों की पहचान आशुतोष तिवारी उर्फ प्रवेश तिवारी, अंकेश प्रजापति और अमित प्रजापति के रूप में हुई है।
एसटीएफ को लंबे समय से प्रतिबंधित कफ सिरप की अवैध तस्करी की सूचना मिल रही थी और जांच में पता चला कि एयरपोर्ट थाना क्षेत्र में विवेक श्रीवास्तव के घर में एक अवैध गोदाम चल रहा है। छापे में भारी मात्रा में अवैध कोडीन कफ सिरप और नशीली जेनेरिक टैबलेट्स बरामद हुईं, जिनकी बाजार में कीमत करीब एक करोड़ रुपए आंकी गई है। टीम ने एक टाटा नेक्सन कार, 95 खाली सफेद बोरियां, ग्राइंडर और दो टूल किट भी जब्त की हैं।
छापे में मिले सामान और सबूत
गोदाम से मिले सामान में प्रतिबंधित कोडीन कफ सिरप की बड़ी खेप और विभिन्न नशीली जेनेरिक टैबलेट शामिल थीं। पकड़े गए सामान और वाहनों के आधार पर पुलिस ने कहा कि यह तस्करी सुनियोजित तरीके से हो रही थी और पैकेजिंग के लिए जरुरी उपकरण भी मौजूद थे। छापेमारी के दौरान वहां हड़कंप मचा और आस-पास के लोगों ने भी पुलिस कार्रवाइयों को देखा।
जांच में सामने आया है कि गिरोह दिल्ली, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश और चंडीगढ़ से अवैध रूप से सिरप और दवाइयां खरीदता था। फिर इन्हें बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के जिलों में सप्लाई किया जाता था। गिरोह का एक सदस्य जतिन मिश्रा उर्फ शिवम मिश्रा नई दिल्ली के पते पर एक फर्जी फार्मा कंपनी चला रहा था, जिसके सहारे फर्जी कागजात और बिल्टियां तैयार होती थीं।
एसटीएफ ने बताया कि जतिन मिश्रा और नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है। पकड़े गए तीनों आरोपियों के खिलाफ स्थानीय थाने में मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेजने की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
स्थानीय लोगों में इस कार्रवाई को लेकर राहत की भावना है, क्योंकि बाजार में बिकने वाली प्रतिबंधित दवाओं से स्वास्थ्य पर गंभीर असर पड़ता है। अधिकारी उम्मीद जता रहे हैं कि आगे की छापेमारी से गिरोह के अन्य सदस्य भी पकड़े जा सकेंगे।
स्रोत: News18

