सिद्धार्थनगर। तीन दिन लगातार बारिश और तेज आंधी के बाद भी जिले की बिजली आपूर्ति पूरी तरह सामान्य नहीं हो पाई है। शहर के शहरी हिस्सों में ज्यादातर बिजली लौट आई है, लेकिन कई ग्रामीण इलाकों में 48 घंटे से लेकर कुछ जगहों पर पांच दिन से बिजली नहीं आई है।
कहां कितने प्रभावित
चिल्हिया के बरगदवा फीडर के अंतर्गत बेलगड़ा से खुरहुरिया और कम्हारिया जाने वाली 11 हजार वोल्ट लाइन पर आम के पेड़ गिरने से पोल टूट गया। दोनों गांव पांच दिन से बिजली रहित हैं। ग्रामीणों ने बिजली विभाग को कई बार सूचना देने का भी दावा किया है।
लोटन क्षेत्र में छेरियाकाछा पावर हाउस से जुड़े सिकरी बाजार, पननी और गढ़मोर समेत दर्जनों गांवों में 72 घंटे से अधिक समय हो गया है। बांसी तहसील के खैरटिया फीडर से जुड़े छितही, मझरिया घोसियारी, चौरी खुर्द, धमौरा, टिकरी पकड़िया और कई अन्य गांवों में आपूर्ति बाधित है।
बिस्कोहर फीडर में कठौतिया रामनाथ उपकेंद्र के पास तेज हवा से 40 से अधिक पोल टूट गए थे। जेई ने कहा कि यदि सब कुछ ठीक रहा तो सोमवार शाम तक आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।
ग्रामीणों ने बताया कि इन्वर्टर बंद होने और मोबाइल चार्ज न होने से रोजमर्रा का काम ठप पड़ा है। पेयजल व्यवस्था और घरेलू कामकाज प्रभावित हुए हैं। कई लोगों ने अधिकारियों से त्वरित मरम्मत की मांग की और समस्या दूर न होने पर आंदोलन की चेतावनी भी दी।
विभाग की कार्रवाई
एसडीओ विनोद कुमार ने कहा, “पोल पहुंच चुका है। काम जारी है। जल्द ही बिजली आपूर्ति सुचारु कर दी जाएगी।” जेई सुरेंद्र कुमार ने बताया, “बारिश और आंधी से एक साथ कई स्थानों पर लाइन खराब हो गई है। मरम्मत का काम चल रहा है। जल्द ही आपूर्ति बहाल करा दी जाएगी।” विभागीय कर्मचारी क्षतिग्रस्त लाइनों और पोल की मरम्मत में लगे हुए हैं।
बिजली बहाली के काम में खेतों में भरे पानी और टूटे हुए पोलों के स्थान पर पहुंचने में परेशानी आ रही है। विभाग के निर्देशों और स्थानीय निगरानी के साथ जल्द से जल्द आपूर्ति बहाल करने की कोशिश जारी है।
स्रोत: अमर उजाला

