साहिबाबाद। शालीमार गार्डन थाना क्षेत्र में 20 सितंबर को ईंट लगने से घायल हुए युवक फारूख की इलाज के दौरान मौत हो गई। शनिवार शाम पोस्टमार्टम के बाद शव मिलने पर परिजन और कॉलोनी के लोग डीएलएफ पुलिस चौकी के बाहर पहुंच गए और शव रखकर सड़क जाम कर दिया।
पड़ोसियों और परिजनों ने आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी की मांग की। शाम करीब साढ़े पांच बजे से शुरू हुआ प्रदर्शन कई घंटे तक चला और रास्ता बंद रहा। पुलिस के समझाने के बाद देर शाम हंगामे के बीच परिजन शव लेकर दिल्ली लौट गए और युवक को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया।
घटना और इलाज
पुलिस के मुताबिक फारूख 20 सितंबर की रात दिल्ली के सुंदर नगरी से शालीमार गार्डन की डीएलएफ कॉलोनी में अपनी बुआ के घर जा रहा था। रास्ते में एक किशोरी से उसकी कहासुनी हुई और आरोप है कि किशोरी ने उसके सिर पर ईंट मार दी।
उस वक्त वहां मौजूद लोगों ने फारूख पर छेड़खानी का आरोप लगाकर उसकी पिटाई कर दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायल युवक को दिल्ली के जीटीबी अस्पताल में भर्ती कराया और किशोरी को अभिरक्षा में ले लिया गया।
परिजन ने 22 सितंबर को किशोरी समेत चार अज्ञात लोगों के खिलाफ मारपीट की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने 24 सितंबर को बाल संरक्षण समिति के निर्देश पर किशोरी को बाल पुनर्वास गृह भेज दिया था। अस्पताल में भर्ती फारूख की 25 सितंबर की रात इलाज के दौरान मौत हो गई और शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा गया।
प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने बताया कि चार संदिग्धों को हिरासत में लेकर उनसे पूछताछ जारी है। एसीपी शालीमार गार्डन अतुल कुमार सिंह ने कहा, “जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।”
पड़ोसियों ने कहा कि इलाके में कानून-व्यवस्था व सुरक्षा को लेकर आशंकाएं हैं और आरोपी व्यक्तियों पर सख्त कार्रवाई की मांग दोहराई गई। आगे की जांच और गिरफ्तारी के संबंध में पुलिस की ओर से रिपोर्ट का इंतजार है।
स्रोत: अमर उजाला

