रायबरेली। बदलते मौसम के बीच रविवार को जिले के 54 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेला आयोजित किया गया। मेले में कुल 2,747 रोगियों का परीक्षण कर आवश्यक दवाइयां दी गईं।
मेडिकल टीमों ने सबसे अधिक बुखार के 612 और जुकाम के 451 मरीजों की पहचान की। पेट दर्द की शिकायत लेकर 211 मरीजों का भी इलाज किया गया। जांच के बाद मरीजों को मुफ्त दवा वितरित की गई।
केंद्रीय केंद्रों का प्रदर्शन
डीह के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बेतौरा में डॉ. डीएन चौधरी की टीम ने 92 मरीजों को देखा। डीह के अधीक्षक डॉ. सत्यपाल सिंह ने लोगों को बदलते मौसम में सावधानी बरतने का निर्देश दिया।
जगतपुर के हरदीटीकर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में 55 मरीजों की जांच हुई। चिकित्सक डॉ. सुफैल अंसारी ने बताया कि मेले में बुखार, खांसी, त्वचा रोग, पेट दर्द, गैस और कमजोरी की शिकायतें सामान्य रहीं और सभी को दवाएं दी गईं।
दीनशाह गौरा ब्लॉक के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र जलालपुरधई, गोविंदपुर माधव और रसूलपुर धरावां में मिलकर 230 लोगों का उपचार किया गया। अधीक्षक ज्ञान प्रताप सिसौदिया ने बताया कि इस समय तेज बुखार और खांसी के मरीज अधिक आ रहे हैं।
शिवगढ़ के नेरथुवा, राजापुर और देहली केंद्रों में 155 मरीजों का उपचार किया गया। खीरों इलाके के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र दृगपालगंज और एकौनी में डॉ. मनोज मिश्रा और डॉ. सदफ असगर की टीम ने मिलकर 108 मरीजों का इलाज किया।
आगे की तैयारी और सलाह
जिला स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी डीएस अस्थाना ने बताया कि मौसम लगातार बदल रहा है और बारिश के बाद संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ जाता है। उन्होंने लोगों को मच्छरदानी इस्तेमाल करने और गर्म पानी पीने की सलाह दी।
जिलाधिकारी तथा स्वास्थ्य विभाग आगे भी प्राथमिक केंद्रों पर नियमित जांच-परख और दवा वितरण जारी रखेंगे। लोगों से अनुरोध है कि बुखार, खांसी या तीव्र लक्षण आने पर नजदीकी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का जल्द संपर्क करें।
स्रोत: अमर उजाला

