हाथरस। सादाबाद तहसील के गांव बिलारा निवासी और भारतीय सेना के हवलदार ओमवीर भरंगर ने पर्वतारोहण के क्षेत्र में खास उपलब्धि दर्ज की है। सेना के विशेष पर्वतारोहण अभियान के तहत उन्होंने माउंट खांगचेंगयाओ की 6,889 मीटर ऊँची चोटी पर तिरंगा फहराया।
यह चोटी लगभग 22,600 फीट ऊँची है और हिमालय की कठिन चोटियों में गिनी जाती है। अभियान के दौरान टीम को जानलेवा ठंड, बर्फीले व फिसलन भरे रास्ते, तेज तूफानी हवाएँ और ऑक्सीजन की कमी जैसी गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ा।
अभियान की चुनौतियाँ
इन विकट परिस्थितियों के बावजूद हवलदार ओमवीर भरंगर ने अपने साथियों के साथ मिलकर शिखर पर विजय प्राप्त की। उनका साहस, अनुशासन और दृढ़ इच्छाशक्ति टीम की सफलता की वजह बनी। भारतीय सेना की विशेष पर्वतारोहण टीम ने इसी अभियान के तहत चोटी पर राष्ट्रीय ध्वज स्थापित किया।
भरंगर की उपलब्धि की सूचना मिलते ही उनके पैतृक गांव बिलारा और पूरे सादाबाद में खुशी की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर जश्न मनाया और वीर सपूत के जज़्बे को सलाम किया।
क्षेत्रवासियों ने कहा कि माउंट खांगचेंगयाओ जैसी कठिन चोटी पर तिरंगा फहराना केवल एक खेल नहीं बल्कि राष्ट्रभक्ति और अटूट संकल्प का प्रतीक है। स्थानीय लोग भरंगर की इस कामयाबी को गांव व जिले के लिए गर्व की बात मान रहे हैं।
आगे क्या होगा
हवलदार ओमवीर भरंगर की इस उपलब्धि से ब्लॉक और तहसील स्तर पर युवा पर्वतारोहण व सेना कर्तव्यों के प्रति आकर्षित होंगे। स्थानीय प्रशासन और परिवार भविष्य में उनके सम्मान के उपाय कर सकते हैं।
स्रोत: अमर उजाला

